सेवा में
महामहिम
राष्ट्रपति महोदय (भारत)
द्वारा जिलाधिकारी अलीगढ़ (उत्तर प्रदेश)
बिषस-UGC द्वारा उचित शिक्षा संस्थानों में इक्विटी एक्ट 2026 कानून को वापस लेने हेतु ज्ञापन
महाहिम महोदय.
आपको अवगत कराया जाता है विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने हाल में उग एक्ट 2026 इक्विटी रेगुलेशन प्रभावित किया है जो सभी विद्यालय महाविद्यालय में तत्काल लागू करने हेतु आदेश है मोदी है एक्ट देश के विद्यालयों की समरसता में बिखराव की स्थिति पैदा करेगा क्योंकि इस कानून में भेदभाव का सीधा आरोप अवणं वर्ग के छात्रों पर लगाया गया है पहले से ही छात्रों को कानून से अपराधी मान लिया है ऐसे में छात्र अपने ऊपर हो रही अत्याचार के खिलाफ आवाज भी उठा रहे हैं चीन भावना से ग्रसित होंगे शिक्षण संस्था दुष्ट होंगे महोदय समानता के नाम पर जातिय राजनीत का बीज बोया जा रहा है!
इसमें अगली पीढ़ी तो बर्बाद होगी लेकिन यह देश की बर्बादी होगा देश में कई ऐसे कानून है जो कि अनुसूचित जाति को मजबूत करते हैं उनको संरक्षित करते है! यह कानून अंग्रेजों के शासनकाल के रोलेट एक्ट से भी भंयकर हैं! जिसमें एक वर्ग विशेष के छात्रों को बिना किसी दोस्त के पहले से ही अपराधी घोषित किया जा रहा है हम इस काम के सम्मान वर्ग के बच्चों से प्रति पाठ झूठी गलती शिकायतों की आशंका है अन्यथा वही दिन दूध नहीं सब सरल छात्रों पर अनगिनत मुकदमें होंगे श्रवण सुरक्षा के लिए गई कानूनी नहीं होगा तो वही एक स्थिति में यहां तो आत्महत्या करेंगे देश छोड़ने को मजबूर होंगे क्योंकि यह कानून सीधा शिक्षा नौकरियां एवं बेटियों का प्रभावित रहेगा देश को जाती कानून जाती संस्था की आवश्यक नहीं देश को समानता की आवश्यकता है यदि ऐसा ही हुआ तो हमारे देश की राजनीति ऐसे कानून लागू करके देश में युवाओं को ग्रह युद्ध की ओर ले जाएगा हम आपसे आशा है कि देश की अखंडता के लिए आप विश्वविद्यालय अनुदान आयोग एवं सरकार को दिशा निर्देश देकर इस कानून को वापस लेने तत्काल समाप्त करने का दिशा निर्देश जारी करें!
प्रतिलिपि-
माननीय मुख्यमंत्री भारत सरकार
माननीय अध्यक्ष लोकसभा
माननीय अध्यक्ष राज्यसभा
माननीय केंद्र शिक्षा मंत्री भारत सरकार
मालिनी अध्यक्ष विश्वविद्यालय अनुदान आयोग
*आचार्य भरत तिवारी राष्ट्रीय संगठन मंत्र*
