Sun. Jan 11th, 2026

इटावा: भागवत कथा के दौरान दबंगों का तांडव, आंबेडकर की तस्वीर तोड़ी, ऑपरेटर से मारपीट

इटावा जनपद के ऊसराहार थाना क्षेत्र में आयोजित एक भागवत कथा के दौरान उस समय तनाव की स्थिति पैदा हो गई, जब कुछ दबंगों ने जमकर उत्पात मचाया। आरोप है कि कथा स्थल के पास स्थापित संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर की तस्वीरको तोड़ दिया गया। इतना ही नहीं, मौके पर लगे माइक और स्पीकर भी क्षतिग्रस्त कर दिए गए।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के समय कथा चल रही थी। अचानक कुछ लोग वहां पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। जब साउंड सिस्टम ऑपरेटर ने माइक-स्पीकर तोड़ने का विरोध किया, तो आरोपियों ने उसके साथ मारपीट की, जिससे वह घायल हो गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और कथा को बीच में ही रोकना पड़ा।

सूचना मिलने पर ऊसराहार पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने पीड़ित की तहरीर के आधार पर नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

घटना को लेकर क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों ने डॉ. आंबेडकर की तस्वीर तोड़े जाने को सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश बताया और प्रशासन से आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You missed

आर्थिक तंगी और भुखमरी से हुई मौत का जिम्मेदार कौन? 👍अमन पठान, एटा का क्रांतिकारी पत्रकार टूटी फूटी झोपड़ी की कच्ची दीवार, बिखरा हुआ सामान और बिस्तर पर पड़ी सिलवटें चीख चीखकर परिवार के मुफलिस गरीब होने की गवाही दे रही हैं। बिना दरवाजे वाले घर की चौखट पर रखा राशन एक गरीब की मौत पर मिला उपहार है। एटा जिले की नगर पंचायत मिरहची के जिन्हैरा में बीते बुधवार की रात लालाराम के 26 वर्षीय बेटे राधाकृष्ण ने आर्थिक तंगी और भुखमरी से परेशान होकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। राधाकृष्ण की मौत से पता चलता है मर गया पूरा सरकारी सिस्टम? फाइलों दफन हो चुकी हैं गरीबों के लिए चलाई जाने वाली जन कल्याणकारी योजनाएं? कहां हैं सरकारी संवेदनाएं? आखिर कहां हैं वो इलाके के रहनुमा? आइए और देखिए अमृतकाल में क्यों हुई है एक गरीब की भुखमरी से मौत? अफसोस तो इसका है कि मृतक के पिता को पिछले आठ महीने से वृद्धा पेंशन नहीं मिली थी। तमाम कोशिशों के बावजूद मृतक का नाम राशन कार्ड में नहीं जुड़ सका था। मृतक लकवा ग्रस्त होने के कारण मजदूरी भी नहीं कर सकता था। परिवार का भरण पोषण सरकारी राशन और इलाके के वाशिंदों के रहमो-करम हो रहा है। मृतक के पिता लालाराम स्थानीय लोगों भीख मांगकर लाते थे तब में चूल्हा जलता था। लालाराम पिछले कुछ समय से बीमार हैं और चलने फिरने से मोहताज हो गए हैं। जिस कारण परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहा था और कई दिन से घर में चूल्हा नहीं जला था। बस इसी से परेशान होकर राधाकृष्ण ने आत्महत्या कर ली और सरकारी दावों पर सवालिया निशान लगा दिया कि आजादी के 79 साल बाद भी गरीब भुखमरी और आर्थिक तंगी से परेशान हैं।

वरिष्ठ हिंदूवादी नेता, धर्म-ध्वजा वाहक, डॉ. प्रवीण भाई तोगड़िया,अंतर्राष्ट्रीय हिन्दू परिषद के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष,हम सबके मार्गदर्शक आदरणीय डॉ. प्रवीण भाई तोगड़िया जी के आज हरिगढ़ आगमन पर तलवार भेंट कर भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय बजरंग दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष आदरणीय मनोज सिंह जी तथा राष्ट्रीय अध्यक्ष आदरणीया रजनी ठुकराल जी का अपनी पूरी टीम के साथ उपस्थित होकर हार्दिक अभिनंदन एवं स्वागत किया गया। हिंदू समाज की एकता, संगठन और राष्ट्रधर्म के लिए यह मिलन प्रेरणादायी एवं ऐतिहासिक रहा। 🙏🏻🚩 जय श्री राम | जय हिंदू राष्ट्र 🚩💐 जय माँ भारती 🙏🏻🚩 Pravin Togadia fan club डॉ प्रवीणभाई तोगड़िया H HinduPravin Togadia